भार्गव भारद्वाज, सहरसा
राष्ट्रीय नवजात शिशु देखभाल सप्ताह 2025 के उपलक्ष्य में पिरामल स्वास्थ्य द्वारा एएनएम स्कूल, सदर अस्पताल में एक प्रभावी जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रथम एवं द्वितीय वर्ष की कुल 70 एएनएम छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।जिससे कार्यक्रम का प्रभाव और अधिक व्यापक हुआ।
जागरूकता सत्र का नेतृत्व जिला कार्यक्रम लीडर पूजा सिंह ने किया। जबकि गांधी फेलो अदानी थिंगबैजम व प्राची कुमारी, तथा करूणा फेलो नजराना खातून ने सह-प्रशिक्षक के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।सत्र के दौरान छात्राओं को नवजात शिशु देखभाल के कई आवश्यक पहलुओं पर प्रशिक्षित किया गया, जिसमें जन्म के तुरंत बाद स्तनपान की शुरुआत,
नवजात में संक्रमण की रोकथाम, थर्मल केयर (गर्मी बनाए रखना) नवजात में खतरे के संकेतों की पहचान सहित इन विषयों पर विस्तारपूर्वक चर्चा कर छात्राओं को व्यावहारिक ज्ञान प्रदान किया गया ताकि वे भविष्य में बेहतर फ्रंटलाइन स्वास्थ्य कार्यकर्ता की भूमिका निभा सकें।कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए नवजात देखभाल विषय पर पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया।जिसमें छात्राओं ने अपने ज्ञान और रचनात्मकता का शानदार प्रदर्शन किया। इसके बाद अस्पताल परिसर में जागरूकता रैली निकाली गई, जिसमें छात्राओं ने तख्तियाँ एवं नारे के माध्यम से नवजात शिशुओं की सुरक्षित देखभाल का संदेश प्रसारित किया। रैली ने अस्पताल आने वाले परिजनों एवं समुदाय के लोगों का विशेष ध्यान आकर्षित किया।अस्पताल प्रशासन एवं वरिष्ठ अधिकारियों ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम जिले में नवजात स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने में अत्यंत महत्वपूर्ण योगदान देते हैं।यह आयोजन न केवल 70 एएनएम छात्राओं के लिए ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक सिद्ध हुआ, बल्कि समुदाय में सुरक्षित और संवेदनशील नवजात शिशु देखभाल के संदेश को प्रसारित करने का भी एक सफल प्रयास रहा।
।


